पुलवामा हमले के बाद से पाकिस्तानी कलाकारों के भारत में काम करने या न करने को लेकर लंबी बहस चल रही है। बॉलिवुड भी इस मुद्दे पर दो हिस्सों में बंट सकता है।

मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक इन सब की शुरुआत कुछ भारतीय राजनीतकि संगठनों द्वारा पाकिस्तानी कलाकारों पर प्रतिबंध लगाने से और फिर कुछ भारतीय सिनेमा जगत में पाकिस्तानी कलाकारों को बैन करने के साथ हो सकती है. जिससे हिंदी फिल्म जगत को कई करोड़ों रुपये का नुकसान भी उठा पड़ा सकता है, क्योंकि यह कदम जम्मू एवं कश्मीर के पुलवामा में 14 फरवरी को हुए हमले के विरोध में उठाया जा सकता है , जिसमें 42 भारतीय सैनिक शहीद हुए थे. इससे भारत-पाकिस्तान के संबंध बेहद तनावपूर्ण हो सकता है।

क्या बॉलीवुड में बैन होगे पाकिस्तानी कलाकारों ..

भारत को पाकिस्तानी कलाकारों में बैन करके दुनियाभर में पाकिस्तान द्वारा फैलाए जा रहे आतंकवाद का विरोध कर सकते हैं, ये बड़ा सवाल उठता है। 

लेकिन ऐसी स्थिति में जब परोक्ष युद्ध चल रहा हो और आपका पड़ोसी नियमित तौर पर आतंकवादियों को प्रोत्साहित कर तथा वित्तीय मदद देकर आपको भड़का रहा हो तथा हजारों लोगों और आपके जवानों को मार रहा हो, इस तरह की स्थिति में यदि आप इस तरह की चर्चा में पड़ते हैं कि कला हमारा अधिकार है तो उससे लोगों को दुख पहुंचेगा. लेकिन सरकार ने किसी पर कोई रोक नहीं लगाई है।

इस हमले के बाद देशभर में जहां शोक की लहर है वहीं कई लोग इस हमले के बाद क्रोधित हो उठे हैं और सरकार से सर्जिकल स्ट्राइक (surgical strike) की मांग कर रहे हैं. आपको बता दें कि बॉलीवुड से शाहरुख खान, सलमान खान, आमिर खान, रितेश देशमुख समेत अन्य कई सारे सेलिब्रिटीज ने इस हमले की निंदा करते हुए शहीद जवानों के परिवारवालों के साथ अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं.

कब कब उठी आवाज

मांग उठी थी कि भारत में काम करने वाले पाकिस्तानी कलाकारों को बैन कर देना चाहिए। कुछ संगठनों ने पाकिस्तानी कलाकारों की फिल्म को प्रदर्शित नहीं करने की वॉर्निंग भी दी। 

कश्मीर के सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान के अहम सिनेमा घरों ने देश में भारतीय फिल्में दिखाने पर खुद ही पाबंदी लगाने का एलान कर दिया. ऐसा भारत की दक्षिणपंथी एमएनएस पार्टी की ओर से पाकिस्तानी कलाकारों के बॉलीवुड में काम करने पर पाबंदी लगाए जाने की मांग के बाद हुआ.


मुंबई :- चंदू शर्मा