भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की ओर से पटना साहिब लोकसभा क्षेत्र से टिकट काटे जाने के बाद असंतुष्ट नेता शत्रुघ्न सिन्हा अब कांग्रेस का दामन थाम सकते हैं. ऐसी खबर थी कि पूर्व केंद्रीय मंत्री और फिल्म अभिनेता शत्रुघ्न सिन्हा आज गुरुवार को कांग्रेस में शामिल होंगे, लेकिन सूत्र बताते हैं कि उनके नई पार्टी में शामिल होने से पहले ही मामला फंस गया है जिससे इस संबंध में देरी हो रही है.

लोकसभा चुनाव 2019 से पहले शत्रुघ्न सिन्हा भारतीय जनता पार्टी और केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के खिलाफ लगातार बगावती तेवर अपनाए हुए थे, जिस कारण पार्टी ने आगामी आम चुनाव के लिए उन्हें पटना साहिब से टिकट नहीं दिया. टिकट कटने से पहले ही उन्होंने बीजेपी छोड़ने के संकेत दे दिए थे. बीजेपी की ओर से टिकट काटे जाने के बाद शत्रुघ्न सिन्हा गुरुवार साढ़े 11 बजे कांग्रेस में शामिल होने वाले थे, और इसके लिए कांग्रेस की ओर से बाकायदा प्रेस कॉन्फ्रेन्स का आयोजन किया जाना था. लेकिन बिहार में आरजेडी और कई अन्य दलों के साथ बने गठबंधन में कांग्रेस के शामिल होने और सीटों के बंटवारा तय नहीं होने से यह आयोजन स्थगित कर दिया गया.

कांग्रेस की सफाई

इस बीच कांग्रेस के नेता आरके आनंद की ओर से कहा गया है कि शत्रुघ्न सिन्हा कांग्रेस में शामिल हो रहे हैं. 2 बजे के बाद इस पर फैसला हो जाएगा. उनके पार्टी में शामिल होने या फिर उनकी उम्मीदवारी को लेकर किसी तरह की कोई लड़ाई नहीं है. बस थोड़ा विलंब हो रहा है.

सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस का शत्रुघ्न सिन्हा का पार्टी में शामिल कराने और पटना साहिब से उम्मीदवार घोषित करने का कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया क्योंकि बिहार में गठबंधन में शामिल दलों में टिकट बंटवारे को लेकर अभी स्थिति साफ नहीं है और बातचीत चल रही है. ऐसे में कांग्रेस का अपनी ओर से किसी संसदीय सीट से उम्मीदवार के नामों का ऐलान करना सही नहीं होता.

कांग्रेस ने किया था ऐलान

हालांकि 2 दिन पहले शत्रुघ्न सिन्हा के कांग्रेस में शामिल होने की पुष्टि कांग्रेस के राज्यसभा सांसद और चुनाव अभियान समिति के चेयरमैन अखिलेश प्रसाद सिंह ने पटना में एक प्रेस वार्ता के दौरान की थी. अखिलेश प्रसाद सिंह ने तब कहा था कि शत्रुघ्न सिन्हा आधिकारिक तौर पर 28 मार्च को 11:30 बजे कांग्रेस में शामिल होंगे. ऐसा कहा जा रहा था कि शत्रुघ्न पटना साहिब से टिकट कटने के बाद कांग्रेस में अपनी एंट्री की संभावना तलाश रहे थे और वह पार्टी के आलाकमान से लगातार संपर्क में थे. कहा यह भी जा रहा था कि शत्रुघ्न सिन्हा 28 मार्च को कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की उपस्थिति में कांग्रेस का दामन थामेंगे.

ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि कांग्रेस में शामिल होने के बाद उन्हें पार्टी की ओर से पटना साहिब से बीजेपी के उम्मीदवार रविशंकर प्रसाद के खिलाफ मैदान में उतारा जा सकता है.

पिछले हफ्ते लोकसभा चुनाव को लेकर बिहार एनडीए के उम्मीदवारों की सूची जारी की गई थी, जिसमें पटना साहिब से बीजेपी ने रविशंकर प्रसाद को टिकट दिया था. 2014 में नरेंद्र मोदी सरकार बनने के बाद से ही शत्रुघ्न सिन्हा लगातार पार्टी के खिलाफ बयानबाजी कर रहे थे. यहां तक की राफेल सौदे के मुद्दे पर उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी पर जमकर हमला बोला था और राफेल डील में उनकी कथित संलिप्तता को लेकर सवाल भी उठाए थे.

शत्रुघ्न सिन्हा ने पिछले हफ्ते शुक्रवार को बीजेपी छोड़ने के सीधे संकेत दे दिए थे. लंबे समय से बीजेपी से नाराज चल रहे शत्रुघ्न सिन्हा ने पार्टी छोड़ने का इशारा करते हुए ट्वीट कर अपने खास अंदाज में लिखा था, 'मोहब्बत करने वाले कम न होंगे, (शायद) तेरी महफिल में लेकिन हम न होंगे.'