नई दिल्ली: पीएम मोदी ने बंगाल में जनसभा को संबोधित करते हुए पश्चिम बंगाल की सीएम दीदी (ममता बनर्जी) के उस बयान पर जमकर निशाना साधा. जिसमें दीदी ने रानीगंज में एक रैली में कहा था कि, ''नरेंद्र मोदी वोट मांगने के लिए नियमित रूप से बंगाल आ रहे हैं. लेकिन लोग उन्हें कंकड़ भरे, मिट्टी से बने रसगुल्ले देंगे, यदि वह उसे चखने का प्रयास करेंगे तो उनके दांत टूट जाएंगे." इसके जवाब में पीएम मोदी ने आज रैली में दीदी पर पलटवार करते हुए कहा कि, बंगाल में बीजेपी की बढ़त देखते हुए दीदी इतने गुस्से में हैं कि वह हमें  मिट्टी से बना रसगुल्ला खिलाना चाहती हैं. मोदी नेे कहा, हमारे लिए बंगाल की मिट्टी से बना रसगुल्ला प्रसाद स्वरूप होगा.
पीएम मोदी ने जनता को बंगाल की मिट्टी के रसगुल्ले का मतलब बताते हुए कहा कि, बंगाल की मिट्टी रामकृष्ण परमहंस, विवेकानंद जी, चैतन्य महाप्रभु, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, श्यामा प्रसाद मुखर्जी जैसे महापुरुषों की चरण रज है और इस रज से बना रसगुल्ला अगर हमें खाने को मिलेगा तो हमारा जीवन धन्य हो जाएगा. यह रसगुल्ला हमारे लिए प्रसाद होगा. 

इससे पहले अभिनेता अक्षय कुमार के साथ बातचीत के दौरान पीएम मोदी ने खुलासा किया था कि उनकी कट्टर आलोचकों में से एक बनर्जी खुद से उनके लिए कुर्ता चुनती हैं और हर वर्ष उन्हें उपहार देती हैं. मोदी ने कहा कि बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना हर साल ढाका से उन्हें विशेष मिठाई भेजती थीं.

जब ममता को इसके बारे में पता चला, तो उन्होंने भी 'मुझे हर साल एक-दो मौकों पर बंगाली मिठाई भेजनी शुरू कर दी.' इसके बाद ममता ने पीएम नरेंद्र मोदी के मिठाई वाले बयान पर  पलटवार किया था. ममता ने कहा था कि वह मिट्टी से मिठाई बनाकर उसमें कंकड़ डालकर देंगे ताकि उनके दांत टूट जाएं.

ममता ने आगे यह भी कहा था कि,पीएम मोदी केवल चुनाव के समय बंगाल आते हैं, ममता ने कहा, "मोदी बंगाल चुनाव से पहले नहीं आते. उन्हें बंगाल के वोट चाहिए. हम उन्हें बंगाल से रसगुल्ला देंगे. हम मिट्टी से मिठाई बनाकर उसमें कंकड़ मिला देंगे जिससे दांत टूट जाएं."