बनासकांठा | पिछले सप्ताह बनासकांठा के कुडा गांव में सामूहिक हत्या केस में पुलिस ने दो ब्याजखोरों को गिरफ्तार कर लिया है| पुलिस जांच में स्पष्ट हो गया है कि घर के मुखिया ने ही ब्याजखोरों के आतंक से तंग आकर पत्नी और तीन संतानों की हत्या कर दी थी और बाद में आत्महत्या का प्रयास किया था|
बनासकांठा के पुलिस अधीक्षक प्रदीप सेजुल ने बताया कि हत्याकांड की जांच कर रही एसआईटी की जांच में खुलासा हुआ है कि परिवार के मुखिया करशनभाई पटेल ने ही पत्नी, दो पुत्र और एक पुत्री समेत चार की हत्या की थी| बाद में करशनभाई पटेल ने आत्महत्या का प्रयास किया था| फोरेंसिक और संयोगिक प्रमाण में स्पष्ट हो गया है कि करशनभाई पटेल मानसिक तनाव में थे और इसी वजह से यह घातक कदम उठाया| प्रदीप सेजुल ने बताया कि घटना के लिए ब्याजखोरों का आतंक कारणभूत होने का खुलासा होने के बाद दो ब्याज खोरों को आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है| उन्होंने बताया कि पटेल परिवार के घर की दीवार पर लिखे नामों में से अब तक 7 लोगों को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है| गौरतलब है कि गत 21 जून की सुबह बनासकांठा जिले की लाखणी तहसील के कुडा गांव में पटेल परिवार के चार सदस्यों पर तीक्ष्ण हथियारों से हमला किया गया था| जिसमें 50 वर्षीय आनंदीबेन करसनभाई पटेल, 22 वर्षीय उकाजी करसनभाई पटेल, 13 वर्षीय सुरेश करसनभाई पटेल और 18 वर्षीय भावना करसनभाई पटेल की मौत हो गई| जबकि 55 वर्षीय करसनभाई सोनाजी पटेल घर के बाहर बेहोशी की हालत में मिले थे| करशनभाई पटेल ने बीते दिन अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था|