नई दिल्लीः मुरैना में चंबल नदी से रेत के कारोबार में खनन माफिया किस तरह से पुलिस और प्रशासन पर हावी हैं, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आए दिन अवैध रेत के वाहनों से आम जनता की जान जा रही है. पर पुलिस और प्रशासन इनको रोक पाने में नाकाम है. मामला महुआ थाना इलाके के रायपुर खुर्द गांव का है. जहां पर अवैध रेत के ट्रेक्टर ने एक बाईक को टक्कर मार दी, घटना में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई और दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं जिनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है. 
घटना से गुस्साए लोगो ने मौके पर पहुंची महुआ थाना पुलिस के वाहनों में तोडफोड कर दी, जिसमें एक सिपाही चंद्रषेखर देवपुरिया भी घायल हो गया. घटना के बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर भेजा गया है. गुस्साए ग्रामीणों ने मृतक के शव को 5 घंटे तक नहीं उठाने दिया और पुलिस की रखी गाडियों में भी तोडफ़ोड़ कर दी.
ग्रामीणों ने पुलिस पर रेत माफियाओं से अवैध बसूली का आरोप लगाया है और हादसे को लेकर जमकर हंगामा किया. हालांकि पुलिस अधीक्षक ने महुआ थाने में पदस्थ दो आरक्षकों को लाइन हाजिर कर दिया है. ग्रामीणों का गुस्सा पुलिस पर फूट-फूट कर निकला.
रात 12 बजे तक मृतक का शव पुलिस को नहीं लेने दिया, पुलिस के सभी अधिकारी मौके पर मौजूद रहे, लेकिन ग्रामीण की मांग थी मृतक के परिजन को अर्थिक सहायता दी जाए. एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी और रेत के अवैध खनन माफियाओं पर कार्रवाई की जाए. बता दें पिछले कुछ दिनों से रेत माफियाओं के ट्रक, ट्रेक्टरों से सड़क पर चलने वालों लोगों का कुचला जाना आम बात हो गई हैं. गौरतलब है कि कुछ दिन पहले बडोखर इलाके में भी रेत के ट्रेक्टर की टक्कर से एक बच्ची की मौत हो गई थी. जिसके आरोपियों को 10 दिन के बाद भी पुलिस पकड़ नही पाई है.